रविदास समाज जन कल्याण के फरसाबहार ब्लॉक इकाई का किया गया गठन*

रविदास समाज जन कल्याण सरगुजा संभाग छत्तीसगढ़ के जशपुर जिला अध्यक्ष मुरारी रवि की अध्यक्षता में ग्राम पंचायत कुल्हारबुडा ब्लॉक फरसाबहार में ब्लॉक इकाई फरसाबहार का गठन किया गया।
ब्लॉक इकाई फरसाबहार का गठन जिला मंत्री सुरेंद्र रोहिदास, जिला संयोजक मनोज रात्रे, जिला उपाध्यक्ष दामोदर रोहिदास, जिला सहसचिव रामराज के गरिमाई उपस्थित में किया गया संपन्न !
संगठन का विस्तार करते हुए फरसाबहार ब्लॉकअध्यक्ष लालधर मिरी, उपाध्यक्ष विमल मिरी, सचिव गुरुचरण मिरी, सहसचिव रोहित रोहिदास, संयोजक संजय कुमार, कोषाध्यक्ष मुकेश कुमार रोहिदास, मीडिया प्रभारी संतराम मिरी, संरक्षक सुखराम डेहरे एवं धर्मेंद्र मिरी, ब्लॉक महामंत्री महेंद्र रोहिदास नियुक्त किया गया।
युवा प्रकोष्ठ संगठन के लिए अध्यक्ष भोजराम, उपाध्यक्ष रूप नारायण रोहिदास, कोषाध्यक्ष मोतीलाल, सचिव राजेश, सहसचिव ललित कुमार को नियुक्त किया गया।
महिला प्रकोष्ठ संगठन में अध्यक्ष ममता मिरी, उपाध्यक्ष शकुंतला मिरी, कोषाध्यक्ष बुधनी रात्रे, सचिव सुषमा बाघव, सहसचिव लुथनी मिरी बने।
जिला अध्यक्ष मुरारी रवि के द्वारा सभी नवनियुक्त पदाधिकारियों को प्रमाण पत्र दिया गया एवं उनके उज्जवल भविष्य की कामना की। बैठक का संचालन सुरेंद्र रोहिदास के द्वारा किया गया एवं संबोधन में स्थानीय सदस्य सुखराम डेहरे ने संबोधन करते हुए कहा कि हमें खुद को सुधारने की जरूरत उसके बाद समाज अपने आप सुधर जाएगी।
जिला उपाध्यक्ष दामोदर रोहिदास ने अपने संबोधन में संगठन का क्या महत्व होता है उसको समझाया एवं महापुरुषों की जीवनी से संबंधित बातों को उदाहरण के तौर पर बताया, एवं संगठन होना क्यों जरूरी है इस विषय को भी विस्तार से बताया।
जिला संयोजक मनोज रात्रे ने अपने संबोधन में संत शिरोमणि रविदास द्वारा बताई गई बातों को समझाया। उन्होंने अपने उद्बोधन में कहा मन चंगा तो कटौती में गंगा यह इसका अर्थ सभी को बताया। एवं पुराने समय के धर्मगुरु संत शिरोमणि गुरु घासीदास जी द्वारा कही गई बातों को याद दिलाया मनखे मनखे एक समान एवं संविधान से संबंधित बातों को रखा।
जिला अध्यक्ष मुरारी रवि ने अपने उद्बोधन में उन्होंने बताया कि शिक्षा का क्या महत्व होता है उन्होंने उदाहरण के तौर पर बाबा साहब के द्वारा लिखी गई बातों को बताया एवं कहा कि शिक्षा वह शेरनी का दूध है जो पियेगा वह दहाड़ेगा एवं संगठन की मजबूती के बारे में बताया गया। लोगों को जागरूक किया। अंतिम में सभी पदाधिकारीयों एवं सदस्यों को अपने कर्तव्य के प्रति निष्ठा रखने की शपथ दिलाई गई।










