पिता और माँ के बाद सरपंच उपचुनाव में बेटी बनी पंचायत की सरपंच*

फरसाबहार। जशपुर जिले के फरसाबहार विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत डोंगादरहा में सरपंच की मृत्यु के कारण रिक्त हुए सीट पर हुए उपचुनाव मे तेइस वर्षीया कुमारी मनीषा सिदार ने अपने निकटम प्रतिद्वन्दी को 323 वोट से चुनाव हराकर सरपंच निर्वाचित हुई।
कुमारी मनीषा सिदार अपने पिता उत्तम सिदार एवं माता श्रीमती प्रभावती सिदार के ग्राम डोंगादरहा निर्वाचित सरपंच बनी। कुमारी मनीषा सिदार को राजनीति विरासत में मिली। इनके पिता उत्तम सिँह सिदार एक बार सदस्य जनपद पंचायत फरसाबहार एवं एक बार डोंगादरहा सरपंच बने साथ ही सरपंच संघ फरसाबहार के अध्यक्ष बने एवं वर्तमान में सर्व आदिवासी समाज जशपुर के जिलाध्यक्ष है। इनकी माता श्रीमती प्रभावती सिदार भी सरपंच निर्वाचित हुए। कुमारी मनीषा फार्मसिस्ट डिप्लोमा तक पढ़ाई की है।
कुमारी मनीषा सिदार ने मीडिया को बताया कि इतनी कम उम्र मे ग्राम पंचायत डोंगादरहा के सरपंच के रूप मे गाँव के सभी मत दाता भाई बहन एवं बुजुर्गों ने जो भरोसा किया है उस भरोसा को कायम करते हुए हमारे क्षेत्रीय विधायक एवं मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय सहित अन्य जनप्रतिनिधि से मिलकर ग्राम पंचायत डोंगादरहा के सर्वांगीण विकास के लिए दिन रात मेहनत करके ग्राम पंचायत डोंगादरहा को एक आदर्श ग्राम पंचायत बनाउंगी।









